सिरोही,राजस्थान।

जावाल (सुनील सिंघानिया) : 27 जुलाई, 2025 को इन्द्र भगवान की कृपा से हुई बारिश से नाले और बहाव क्षेत्र में पानी का तेज प्रवाह शुरू हो गया। इस दौरान ग्रामीणों ने देखा कि जिस क्षेत्र में खनन हुआ था, वहां अब पानी बह रहा है और उस स्थान पर लगाए गए ‘कांटे’ (लोहे का कंटेनरनुमा अवरोधक) पूरी तरह से पानी में डूब चुके हैं।गौरतलब है कि जिस स्थान पर यह खनन किया गया और स्ट्रक्चर खड़ा किया गया, वह प्राकृतिक बहाव क्षेत्र है। ग्रामीणों का कहना है कि यह सीधा सुप्रीम कोर्ट की उस गाइडलाइन का उल्लंघन है, जिसमें स्पष्ट रूप से बहाव क्षेत्र में खनन और किसी भी प्रकार का स्थायी ढांचा खड़ा करने पर रोक लगाई गई है।स्थानीय निवासी उत्तम भाई सुथार, दिनेश सिंह जामोतरा व अन्य ग्रामीणों ने बताया कि पहले ही चेतावनी दी गई थी कि इस क्षेत्र में खनन नहीं किया जाना चाहिए, लेकिन उसके बावजूद अवैध निर्माण और गतिविधियां जारी हैं। बारिश आते ही अब वह स्ट्रक्चर डूब गया है और उसके नीचे से पानी निकल रहा है, जिससे खतरा और बढ़ गया है।ग्रामीणों की मांग है कि प्रशासन तत्काल प्रभाव से इस तरह के अवैध निर्माणों पर सख्त कार्रवाई करे और बहाव क्षेत्र की प्राकृतिक संरचना को बहाल किया जाए।

Share.

Hello Reader, Stay tuned with surila rajasthan to get latest update of your area.

Leave A Reply