
टोंक। जिले के नगरफोर्ट में बुधवार को राजकीय चिकित्सा संस्थान के मामले में प्रकाशित खबर से नाराज होकर पत्रकार हेमराज धाभाई को चिकित्सा संस्थान में बुलाकर कुछेक कर्मियों द्वारा मारपीट किए जाने से नाराज पत्रकारों ने घटना की जानकारी जिला पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार मीना को देते हुए दोषियों के खिलाफ कार्यवाही की मांग की है। ज्ञापन में लिखा है कि नगरफोर्ट के पत्रकार हेमराज धाबाई द्वारा स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कर्मचारियों की अनियमितता को लेकर खबर प्रकाशित की थी। उससे रूष्ट होकर वहां के कर्मचारियों ने सुनियोजित तरीके से षडय़ंत्र रचते हुए पत्रकार हेमराज धाबाई को स्थानीय सम्बंधों का हवाला देते हुए हॉस्पिटल बुलाया, वहां पहुंचने पर फार्मासिस्ट प्रदीप कुमार नामा व उसके साथियों ने जिन्हें पहले से ही बुलाकर रखा गया था। पत्रकार हेमराज धाबाई का मोबाईल छीनने का असफल प्रयास किया, जब वह सफल नहीं हो पाए तो मारपीट प्रारंभ कर दी। किसी तरह से पत्रकार हेमराज धाबाई वहां से अपनी जान बचाकर निकल पाए। इस सम्पूर्ण घटनाक्रम के प्रत्यक्ष साक्षी सुरेन्द्र भंडारी भी हैं, जो घटनास्थल पर उपस्थित थे। ज्ञापन में लिखा है कि राजस्थान प्रदेश में आए दिन पत्रकारों पर हमलों की घटनाएं घटित होती रहती है जो लोकतंत्र के लिए शर्मनाक है, इन बढ़ती घटनाओं को देखते हुए ही इंडियन फैडरेशन ऑफ वर्किंग जर्नलिस्ट्स आईएफडब्ल्यूजे द्वारा पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग को प्रमुखता से उठाया भी जा रहा है। ज्ञापन में इंडियन फैडरेशन ऑफ वर्किंग जर्नलिस्ट्स के अध्यक्ष भूपेन्द्र सिंह ने मांग की है कि इस घटनाक्रम में लिप्त आरोपियों को शीघ्र अतिशीघ्र गिरफ्तार कर न्याय दिलाये। पुलिस अधीक्षक मीना ने दोषी के खिलाफ कार्यवाही का आश्वासन दिया। इस अवसर पर जलालुद्दीन खान, रोशन शर्मा, अनिल विजय, कमलेश सैनी, पुरूषोत्तम जोशी, नासिर खान, रवि सैनी, केशव राज सैनी एवं महावीर बैरवा आदि पत्रकार मौजूद थे।
