सिरोही/ राजस्थान,
आत्माशाषी परिषद् की बैठक आयोजित ।
(हरीश दवे),
‘आत्मा सभागार‘ में आत्माशाषी परिषद् की बैठक मुख्यमंत्री सलाहकार एवं क्षेत्रीय विधायक संयम लोढा के मुख्य आतिथ्य में सम्पन्न हुई।बैठक में पिंडवाडा आबू विधायक समाराम गरासिया का विशिष्ट आतिथ्य, परिषद की उपाध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी डाॅ. टी. शुभमंगला की अध्यक्षता व अतिरिक्त जिला कलक्टर के.एल. खौड की मौजूदगी में बैठक आयोजित हुई। बैठक में क्षेत्रीय विधायक संयम लोढा ने जिले के जनजाति क्षैत्र में ‘‘माउण्ट रेडियो‘‘ स्टेशन आकाशवाणी के प्रचार-प्रसार की उपयोगिता बताते हुए आत्माशाषी परिषद् की बैठक में अनुमोदन द्वारा कम्यूनिटी रेडियो टेलिकास्ट के लिए राशि स्थानान्तरण के संबंध में निदेशक समिति को प्रस्ताव रूप में लिखे जाने हेतू निर्देश दिये व भूमिहीन कृषि श्रमिकों के बारे में जानकारी भी ली। विधायक समाराम गरासिया द्वारा पशुपालन विभाग से उंट पालकों को दी जाने वाली सुविधा व अनुदान पर चर्चा की गई।उप निदेशक कृषि एवं पदेन् परियोजना निदेशक आत्मा, श्री पुरूषोतम लाल भट्ट ने आत्मा परियोजना अन्तर्गत विभिन्न योजनाओं की जानकरी दी एवं वर्ष 2022-23 की प्रगति व वर्ष 2023-24 के प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुमोदनार्थ जानकारी प्रस्तुत की एवं आत्मा अन्तर्गत जिले में आयोजित विभिन्न प्रशिक्षण, भ्रमण कार्यक्रम, आत्मा पुरूस्कृत कृषक, सफल कहानी आदि को फोटे क्लीप द्वारा कार्यक्रमों के सफल आयोजन की जानकारी दी। बैठक में आत्मा कृषक पुरूस्कार, वार्षिक कार्य योजना वर्ष 2023-24, जिला कृषक सलाहकार समिति की चर्चा कर अनुमोदन किया गया। साथ ही ‘‘आत्मा सभागार‘‘ में आयोजित की जाने वाली बैठकों का विवरण भी प्रस्तुत किया।संयुक्त निदेशक कृषि (वि.), श्री संजय तनेजा द्वारा अतिथियों व प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए राजस्थान श्रमिक सम्बल मिशन योजना अन्तर्गत भूमिहीन कृषि श्रमिकों व उनके प्रशिक्षण की जानकारी दी। जबकि कार्यक्रम का संचालन कनिष्ठ वैज्ञानिक सहायक श्री राजेन्द्र राजपुरोहित ने किया।

बैठक में उद्यान विभाग, सहकारिता विभाग, लीडबैंक, नाबार्ड, कृषि विज्ञान केन्द्र, सिरोही, कृषि अनुसंधान केन्द्र, केशवाना, जालोर, अधीक्षण अभियन्ता जल ग्रहण, अधीक्षण अभियन्ता जल संसाधन, कृषि उपज मण्डी, मत्स्य पालन अधिकारी, संयुक्त निदेशक पशुपालन, सहायक निदेशक कृषि (वि.), उप परियोजना निदेशक, वीराराम मीणा, बी.टी.टी. सिरोही, रेवदर, पिण्डवाडा, प्रगतिशील कृषक, एन.जी.ओ. प्रदान आदि मौजूद थे।

