सिरोही V24 न्यूज/ (हरीश दवे) ;
शीतला सप्तमी के अवसर पर मातृ शक्ति ने गौपचार के लिए रखा वृत,शीतला माता मंदिर में लगाया बासोड़ा भोग,
व्यापार महासंघ,विहिप ने भी छेड़ी मुहिम यज्ञ,हवन व उपवास रख परमात्मा से बीमारी से राहत की कामना की , पॉलीथिन खा के मर रहे व क्रूरता के शिकार पशु धन के बचाव में विराट समाज मौन?
सिरोही(हरीश दवे)
धार्मिक आस्थाओं व सनातन भारतीय संस्कृति की धर्म ध्वजा आज भी मातृ शक्ति के हाथ मे ही है।जिला मुख्यालय पर गोशालाओं व पशुपालको द्वारा जानबुझ कर स्वस्थ, रुग्ण,बीमारू पशुओ को भटकने के लिए छोड़ दिया।
गोवंश सरंक्षण व पशुपालको के हित मे राजनीतिक दल आंदोलन कर रहे है।राज्य सरकार इलाज के लिए निर्देश दे रही है।पशुपालन विभाग व गोवंश की समस्या समाधान व लम्पि वायरस की रोकथाम में जिला कलेक्टर स्वयं मोनिटरिंग कर रहे है।इसी दौरान पशुपालन महकमे के कम्पाउंडर हड़ताल कर काम पे लौट चुके है।दानदाता भामाशाहो के योगदान से विभाग प्रचार प्रसार कर पशु चिकित्सा लम्पि वायरस चिकित्सा केम्प लगा रहे है।गोभक्त व महिलाएं पोस्टिक लड्डूये व आहार खिला रही है।और हजारो की तादाद में नगर में गोवंश लम्पि प्रकोप,भुखमरी,मानव क्रूरता व पॉलीथिन खा कर अधमरा विभिन्न वार्ड मोहल्लों में दम तोड़ रहा है जिसको देख मातृ शक्ति सर्वाधिक द्रवित है।सोसल मीडिया में वार्डो में बीमार पशुओ की सूचना पर नगर परिषद की आपदा प्रबंधन टीम पहुँचती है और गोचर या चिन्हित स्थान को ग्रेवियार्ड बनाती है। आज नगर में सेकड़ो की तादाद में भूखे नर गोवंश उनकी माँ को खोजते रम्भा रहे है।नर गोवंश कुल्हाड़ी व डंडो के प्रहार में घायल अवस्था मे घूम रहा है।व नगर परिषद के कचरा स्टैंडों व रात्रि में व्यापारी व आम जन के फेके प्रतिबंधित पॉलीथिन खा के मर रहा है।पूरे जिले में गोवंश पे क्रूरता होती है पर जिला पशु क्रूरता निवारण समिति को गठन से कभी सक्रिय नही करने से कभी भी पशुओ की क्रूरता पर कभी मुकदमे दर्ज नही होते। ऐसी हालत में नगर के भटकते बीमार गोवंश व लम्पि वायरस के निदान के लिए नगर की धर्म परायण महिलाओ ने उपवास रखा व एक रात्रि पूर्व बनाया गया भोग प्रसाद शीतला माताजी मन्दिर में चढ़ाया व गोमाता कि बीमारी हरने की मनोकामना की व कथा का श्रवण किया।
शीतला माता मंदिर में गोमाता की बीमारी से राहत दिलाने में सिरोही व्यापार महासंघ ने मुहिम छेड़ी थी।इस मुहिम को गोमाता के प्रति पूजनीय भाव से विहिप ने भी यज्ञ आयोजित कर गोधन के स्वस्थ होने को लेकर आहुतियां दी।
इस अवसर पर पूर्व पार्षद नेनाराम माली ने कहा कि गोवंश ने इंसानो पे आई बीमारी को खुद पे ले कर मानव जाति को बचाया है।हमे भी गोमाता के सरंक्षण ओर इन्हें स्वस्थ करने में भगवान को विनती करने के सिवाए कोई सहारा नही है।
गोभक्त पुष्पा एन त्रिवेदी ने कहा कि शीतला माता भक्तो की पुकार सुनेगी व लम्पि वायरस से निजात मिलेगा पर गोवंष के बेमौत मरने का कारण प्रतिबंधित पॉलीथिन बेग का उपयोग है।जिसे जिला प्रशाषन को अविलंब बन्द करवाना चाहिए। अनेक गोभक्त नगर वासियो ने कहा कि बेसहारा पशुओ की अब राष्ट्रीय समस्या बन चुकी है।
गोवंश लम्पि से तो अब बीमार है पर पॉलीथिन खा के रोज मरती है।अगर सिरोही व्यापार महासंघ के रघु भाई माली,हजारी मल छिपा,व युवा नेता भरत डी छिपा मुहिम छेड़े तो नगर गोमाता के हत्यारे पॉलीथिन से मुक्त हो सकता है।जिसके लिए व्यापारी व जनता को ही विकल्प तलाशने होगे। अन्यथा आस्थाओ के देश मे इंसान ओर जीव भगवान के भरोसे ही जी रहा है।पशु पालन महकमा गोशालाओं व पशुपालको के छोड़े गोवंश को इलाज व राहत दिलाने में असफल साबित हो गया है।नगर परिषद बीमे व मृत पशुओ को ठिकाने लगा रही है और क्रूरता के शिकार गोवंश को विराट हिन्दू समाज ने खुला छोड़ दिया है जिस देश मे दूध दही की नदियां बहती थी वहां अब गोवंश पॉलीथिन चरती है।और अब उम्मीद जगी है परमात्मा मातृ शक्ति की मूक गोवंश के लिए रखी मनोकामना को स्वीकार कर गोवंश को स्वस्थ करेगी।

